
विस्मिता तेज संयुक्त सचिव कोयला मंत्रालय ने किया एसईसीएल की मेगा परियोजना कुसमुंडा का निरीक्षण
बिलासपुर-भारत सरकार के कोयला मंत्रालय की संयुक्त सचिव (सीपीडी) विस्मिता तेज आज बुधवार को एसईसीएल के खदानों में निरीक्षण के लिए पहुंची।विस्मिता तेज, संयुक्त सचिव, कोयला मंत्रालय ने गेवरा क्षेत्र एवं कुसमुंडा क्षेत्र के क्षेत्रीय महाप्रबंधको एसके मोहंती एवं संजय मिश्रा से संक्षिप्त चर्चा एवं विमर्श उपरांत सबसे पहले कुसमुंडा खदान का निरीक्षण किया, जहाँ CHP, SILO एवं कोल स्टॉक तथा कोल क्रशिंग का अवलोकन किया।
तद्उपरांत गेवरा खदान का निरीक्षण किया। जहाँ SILO, CHP का अवलोकन किया संयुक्त सचिव महोदया ने दोनो खदानो के Mine Development कार्यों की समीक्षा की तथा उक्त कार्यों में तेज़ी लाने एवं समयानुरूप पूर्ण करने हेतु दिशा-निर्देशित किया।
महत्वपूर्ण बिंदु –व्यू प्वाइंट से खनन गतिविधियों का जायज़ा।डिस्पैच की व्यवस्थाओं का निरीक्षण जिसमें एनआई प्वाइंट, फ़र्स्ट माइल कनेक्टिविटी के तहत एरिया में विकसित साइलो का अवलोकन।खदान से त्वरित डिस्पैच व सरल संचालन के लिए बने नई पीसीसी रोड का अवलोकन। हाल हीं में एरिया में शुरू की गई विभागीय क्रशर के संचालन को देखा तथा गुणवता पूर्ण कोयले के आपूर्ति के प्रयासों की सराहना की।
एसईसीएल निदेशक तकनीकी श्री एम के प्रसाद , निदेशक तकनीकी योजना परियोजना श्री एस के पाल, एरिया कोर टीम के साथ मौक़े पर रहे मौजूद। क़ोरोना काल की चुनौतियों के बीच गत वर्ष एसईसीएल ने लगभग 155 मिलियन टन प्रेषण के साथ अब तक का दूसरा सर्वाधिक डिस्पैच दर्ज किया।
प्रबंधन पर विश्वास जताते हुए एसईसीएल को इस वर्ष 182 मिलियन टन के उत्पादन और डिस्पैच का लक्ष्य मिला है जो कि किसी भी सब्सिडीयरी से अधिक है।