
पथरी के इलाज के लिए भर्ती हुए आरक्षक की मौत….परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप….
बिलासपुर– निजी अस्पताल श्री राम केयर हॉस्पिटल में इलाज के दौरान सरकंडा थाने में पदस्थ आरक्षक सत्यकुमार पाटले की मौत हो जाने से हड़कंप मच गया है। मृतक के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

जानकारी के अनुसार, आरक्षक सत्यकुमार पाटले को करीब 7 एमएम पथरी की समस्या होने पर 28 तारीख को श्री राम केयर हॉस्पिटल, बिलासपुर में भर्ती कराया गया था। परिजनों का कहना है कि अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था, लेकिन बीती रात अचानक छींक आने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई।

मृतक की पत्नी के अनुसार, हालत गंभीर होने पर वह लगातार डॉक्टरों को आवाज लगाती रही, लेकिन करीब 4 घंटे तक कोई डॉक्टर मौके पर नहीं पहुंचा। इस दौरान उन्होंने अपने पति को पानी पिलाने का प्रयास किया, लेकिन समय पर उपचार नहीं मिलने से उनकी मौत हो गई।

इस घटना के बाद मृतक के परिवार में गहरा शोक और आक्रोश है। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल की लापरवाही ने एक पुलिस जवान की जान ले ली। उन्होंने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
गौरतलब है कि इलाज के दौरान मौत के मामले अक्सर सामने आते रहते हैं, लेकिन इस बार मामला पुलिस विभाग में पदस्थ एक आरक्षक से जुड़ा होने के कारण चर्चा का विषय बना हुआ है। अब देखना होगा कि स्वास्थ्य विभाग और छत्तीसगढ़ शासन इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं।



