
महिला सरपंच के घर हुई चोरी का पुलिस ने किया खुलासा,चोरी की झूठी कहानी से उठा पर्दा
बिलासपुर पुलिस द्वारा मस्तुरी के बहुचर्चित चोरी का किया पर्दाफाश, अग्रवाल दंपत्ति द्वारा परिवारिक कलह एवं कर्ज के बोझ से परेशान होकर रची थी चोरी की झूठी साजिश पुलिस के अथक प्रयास से 28 लाख की चोरी का तीन दिन बाद हुआ खुलासा।बेची गई ज्वेलरी 16 तोला एवं नगदी 19 लाख की रकम बरामद।
पुलिस अधीक्षक दीपक झा ने मामला का खुलासा करते हुए बताया कि रामनगर में रहने वाले कमल अग्रवाल जो कि पेशे से व्यापारी है और उनकी पत्नि गिरिजा देवी जो कि जयरामनगर के सरपंच पद पर पदस्थ है जिन्होने थाना मस्तुरी को टेलीफोन से सूचना देते हुए बताया कि 3 सितंबर की दरमियानी रात्रि इनके निवास स्थान जहां निर्माण कार्य चल रहा था जिसके कारण घर में दरवाजा टुटा था और एक बेडरूम जिसमें ताला लगा था जिसकी चाबी वहीं लटक रही थी जिसमें अज्ञात चोर घुसकर लटकी हुई चाबी का उपयोग कर अंदर रखे आलमारी से करीबन 18 लाख नगदी एवं 10 लाख की ज्वेलरी चोरी कर ले गया है जिसकी सूचना पर चार विशेष व सायबर की अलग-अलग टीम का गठन किया गया। जो घटना के तुरंत बाद मौके पर पहुंच कर दिशा निर्देश में टीम द्वारा तत्काल से भौतिक एवं तकनिकी पहलुओ का अध्ययन प्रारंभ किया गया। तो वही आस-पास के 100 से अधिक संदिग्धों, आदतन बदमाशों, निगरानी आदि के एवं घर के सदस्यों कामगारों के मोबाईल रिकार्ड चेक किया गया। मामले में 50 से अधिक CCTV फुटेज भी खंगाला गया उसके बाद भी खास सुराग नहीं मिल पाया, इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि घटना के दिन ही प्रार्थी द्वारा अपने रिस्तेदार को करीबन 19 लाख रुपये दिये थे जिसकी तस्दीक हेतु प्रार्थी एवं उसकी पत्नि से पूछताछ शुरू की गयी। प्रारंभ में दोनों पुलिस को अलग-अलग कहानी बता कर गुमराह करने की भरपुर कोशिश की परन्तु पुलिस द्वारा मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ करने पर धीरे-धीरे वास्तविक कहानी सामने आई,प्रार्थी की पत्नी गिरिजा देवी एवं इसके नौकर सूरज द्वारा 02 दिन पूर्व ही 16 तोले सोने को जांजगीर में 06 लाख में बिक्री किया गया है जहां तस्दीक कराये जाने पर बिक्री के दस्तावेज एवं सोना बराम किया गया।इसके पश्चात घटना दिनांक के शाम को ही 19 लाख रूपये अपने रिश्तेदार को उधार चुकाने के उद्देश्य से देने की बात प्रार्थी द्वारा स्कीकार की गयी जिसे भी बरामद कर लिया गया है। सम्पूर्ण घटना के पीछे की वास्तविक वजह प्रार्थी का रिश्तेदारों एवं व्यापार में लाखों की उधारी से देनदारों से बहुत परेशान होकर उक्त कृत्य को करने की बात प्रार्थी एवं उसकी पत्नी द्वारा स्कीकर की गयी। इस प्रकार परिवारिक अंतर्कलह एवं कर्जदारों से छुटकारा पाने के उद्देश्य से प्रार्थी द्वारा झूटी कहानी गढी गयी थी।