गौ सेवा को लेकर बड़ी शुरुआत…. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया 19 गौधाम योजना का शुभारंभ…
गौ सेवा को लेकर बड़ी शुरुआत.... मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया 19 गौधाम योजना का शुभारंभ...

बिलासपुर/ बिलासपुर से गोधन संरक्षण को लेकर एक बड़ी पहल सामने आई है।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज बिलासपुर जिले के तखतपुर विकासखंड के ग्राम लाखासार में गौधाम का शुभारंभ किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने गौ – माता की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की और गौधाम योजना को गोधन संरक्षण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम बताया।

कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, कृषि एवं पशुधन विकास मंत्री रामविचार नेताम, और क्षेत्र के कई विधायक तथा जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लाखासार स्थित गौधाम परिसर का निरीक्षण किया और वहां बेसहारा और आवारा पशुओं के लिए की गई व्यवस्थाओं की जानकारी ली।
करीब 25 एकड़ क्षेत्र में फैले इस गौधाम में 19 एकड़ जमीन पर हरे चारे की खेती की जा रही है, जिससे गौवंश के लिए पर्याप्त चारे की व्यवस्था सुनिश्चित हो सके।
गौधाम का संचालन कामधेनु गौशाला समिति द्वारा किया जा रहा है, जहां पशुओं के लिए चारा, पानी और स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।
सरकार का दावा है कि गौधाम योजना से न सिर्फ बेसहारा गौवंश को सुरक्षित आश्रय मिलेगा, बल्कि इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई मजबूती मिलेगी
बिलासपुर के गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने बटन दबाकर प्रदेश में एक साथ 19 गौधाम योजनाओं का शुभारंभ किया।
इस दौरान पशुपालकों का सम्मेलन भी आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में किसान और पशुपालक शामिल हुए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गाय केवल आस्था का प्रतीक ही नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत नींव भी है। गाय का दूध, दही, घी के साथ-साथ गोबर और गोमूत्र भी बेहद उपयोगी हैं।
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अब प्रदेश के सभी गौधाम “सुरभि गौधाम” के नाम से जाने जाएंगे।
उन्होंने कहा कि गौधामों में पशुपालन, हरा चारा उत्पादन और गोबर से उपयोगी उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।



