बाजार में ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत? व्यापारियों और ट्रैफिक पुलिस ने संभाला मोर्चा…… त्योहारी सीजन से पहले यातायात व्यवस्था सुधारने की पहल….. दुकानों के बाहर अतिक्रमण हटाने की समझाइश…..

बिलासपुर– त्योहारी सीजन नजदीक आते ही बिलासपुर के सदरबाजार में यातायात व्यवस्था को लेकर चिंताएं बढ़ने लगी हैं। बाजार में लगने वाले जाम से जहां ग्राहकों को परेशानी होती है, वहीं व्यापार भी प्रभावित होता है। इसी समस्या के समाधान के लिए व्यापारियों और ट्रैफिक पुलिस के बीच बैठक आयोजित की गई, जिसमें यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए आपसी समन्वय और सहयोग पर जोर दिया गया।
बैठक में व्यापारियों ने अपनी समस्याएं रखते हुए कहा कि त्योहारों के दौरान सदरबाजार की सड़कों पर जाम की स्थिति बन जाती है। इसके कारण ग्राहकों को दुकानों तक पहुंचने में परेशानी होती है और खरीदारी पर भी सीधा असर पड़ता है।
ट्रैफिक जाम की वजह क्या है…..?
ट्रैफिक एडिशनल रामगोपाल करिहारे ने बताया कि सदरबाजार शहर के व्यस्ततम मार्गों में शामिल है। यहां दुकानों के बाहर छोटी-छोटी दुकानें लगने और कुछ दुकानदारों द्वारा अपनी वस्तुएं सड़क तक फैलाने के कारण आवागमन प्रभावित होता है। इन परिस्थितियों में सड़क पर वाहनों की आवाजाही बाधित होती है और जाम की स्थिति निर्मित हो जाती है।
समस्या को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस की टीम ने सराफा संघ के प्रदेश अध्यक्ष कमल सोनी एवं व्यापारियों के साथ सदरबाजार गोलबाजार सिटी कोतवाली चौक के अलावा अन्य बाजारों का पैदल निरीक्षण किया। इस दौरान बैठक में शामिल व्यापारियों और यातायात पुलिस के कर्मचारियों ने दुकानों पर पहुंचकर संचालकों को सड़क पर अतिक्रमण नहीं करने और यातायात व्यवस्था बनाए रखने की समझाइश दी।
जाम का असर सिर्फ कारोबार पर नहीं, मरीजों की सुविधा पर भी…..
सराफा व्यापारी संघ के अध्यक्ष कमल सोनी ने कहा कि त्योहारों का सीजन नजदीक है और ऐसे में बाजार में भीड़ बढ़ने के साथ ट्रैफिक जाम की आशंका भी रहती है। जाम के कारण ग्राहकों को परेशानी होती है, जिसका सीधा असर व्यापार पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि व्यापारियों और ट्रैफिक पुलिस के बीच बेहतर तालमेल से इस समस्या का समाधान निकाला जा सकता है।
वहीं, ट्रैफिक एडिशनल रामगोपाल करिहारे ने सदरबाजार के आसपास यातायात व्यवस्था को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि जाम का असर सिम्स यानी छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान तक पहुंचने वाले मरीजों की आवाजाही पर भी पड़ सकता है। अस्पताल में आपातकालीन सेवाओं के लिए एम्बुलेंस की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन जाम की स्थिति में एम्बुलेंस और अन्य आपातकालीन सेवाओं को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
अब सहयोग से सुधरेगी व्यवस्था…..?
त्योहारी सीजन में सदरबाजार और गोलबाजार में खरीदारी के लिए बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है। ऐसे में सड़क पर अतिक्रमण रोकना, दुकानों के बाहर सामान व्यवस्थित रखना और यातायात नियमों का पालन करना बेहद जरूरी होगा।
अब देखना होगा कि ट्रैफिक पुलिस और व्यापारियों की यह संयुक्त पहल बाजार को जाम से कितनी राहत दिला पाती है। फिलहाल, दोनों पक्षों ने आपसी सहयोग के जरिए यातायात व्यवस्था सुधारने की दिशा में कदम बढ़ाया है, ताकि त्योहारों के दौरान ग्राहकों को सुविधा मिले, कारोबार प्रभावित न हो और आपातकालीन सेवाओं का रास्ता भी बाधित न हो।



