
एक झापड़ का बदला मौत के घाट उतारा…..मुख्य आरोपी सहित अन्य आरोपी हिरासत में…..मामला कोटा थाना क्षेत्र…..
बिलासपुर- रविवार सुबह एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। मामूली विवाद से शुरू हुई रंजिश ने इतना भयानक रूप ले लिया कि बेरहमी से एक आदमी की हत्या कर दी गई।वही इस घटना में बीच बचाव करने आए एक ग्रामीण भी गंभीर रूप से घायल हो गया।

घटना की जानकारी लगते ही मौके पर कोटा पुलिस पहुंची और मुख्य आरोपी फरार होता की उसके पहले ही उसे गिरफ्तार कर हिरासत में ले लिया गया।वही इस घटना में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तार कर उसने पूछताछ की जा रही है।पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार इस खौफनाक हत्याकांड की जड़ होलिका दहन के दिन हुए एक छोटे विवाद में छिपी है। मृतक मोहन पांडे (52 वर्ष) और आरोपी राजाराम साहू के बीच लकड़ी चोरी को लेकर विवाद हुआ।इस विवाद में मोहन पांडे ने राजाराम को उस दिन थप्पड़ मार दिया।इस घटना के बाद मामला थाने तक पहुंचा और एफआईआर भी दर्ज हुई, लेकिन राजाराम साहू के मन में बदले की आग सुलगती रही और उसने रविवार सुबह करीब 8 से 9 बजे के बीच, जब मोहन पांडे अपने खेत देखने करगी खुर्द आया तो पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन पर हमला कर दिया।बताया जा रहा है कि मुख्य आरोपी राजाराम साहू अपने बड़े भाई देव साहू, भतीजे प्रदीप साहू, मां और बहन के साथ एक राय होकर मौके पर पहुंचे और मोहन पांडे पर लाठी, डंडे, ईंट और फरसे से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।हमला इतना क्रूर था कि मोहन पांडे गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही गिर पड़े। इसके बाद भी आरोपियों का गुस्सा शांत नहीं हुआ और उन्होंने घायल मोहन पांडे को गांव में घसीटा।
इस दौरान बीच-बचाव करने आए शरद कौशिक पर भी जानलेवा हमला किया गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और तेजी से कार्रवाई करते हुए फरार होने से पहले ही मुख्य आरोपी राजाराम साहू सहित पांच लोगों को हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में:
राजाराम साहू (मुख्य आरोपी)
देव साहू (बड़ा भाई)
प्रदीप साहू (भतीजा)
आरोपी की मां और बहन शामिल हैं
पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और पूरे मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।मृतक मोहन पांडे, गनियारी गांव के निवासी थे और अपने परिवार के साथ रहते थे। मृतक मोहन पांडे की पत्नी पेशे से शिक्षिका है और दो बच्चे है वे रविवार को अपने खेत और खेत वाले घर की देखरेख के लिए करगीखुर्द आए थे, जहां उन पर यह जानलेवा हमला हुआ।
यह घटना एक बार फिर यह दिखाती है कि छोटी-छोटी रंजिशें कैसे भयावह रूप ले सकती हैं। एक मामूली विवाद, एक थप्पड़ और उसके बाद पनपी बदले की भावना ने एक परिवार को उजाड़ दिया और पूरे गांव को दहशत में डाल दिया।पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई जारी है।



